नीमच। महेन्द्र उपाध्याय। सेवा,संवेदना और गौभक्ति का एक मार्मिक एवं प्रेरणादायी उदाहरण उस समय देखने को मिला,जब शहर के एक गौभक्त ने अपनी शादी की सालगिरह को अनूठे अंदाज में मनाते हुए बीमार और घायल गौवंश की सेवा के लिए कूलर भेंट किया।यह भावपूर्ण सेवा कार्य पुराना चमड़ा कारखाना परिसर स्थित गऊ नंदी सेवा धाम उपचार शाला में किया गया,जहां निराश्रित,घायल, बीमार और विकलांग गौवंश का उपचार एवं पालन-पोषण किया जाता है।भीषण गर्मी के इस दौर में उपचार शाला में रह रहे गौवंश को अत्यधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे समय में शहर के अनेक गौसेवक आगे आकर सेवा कार्यों में योगदान दे रहे हैं। कोई हरी सब्जियां उपलब्ध करवा रहा है,तो कोई फल, चारा और दवाइयों की व्यवस्था कर गौसेवा में सहभागी बन रहा है। इसी श्रृंखला में एक दंपत्ति ने अपनी वैवाहिक वर्षगांठ को यादगार बनाने के लिए गौमाता की सेवा का संकल्प लिया और उपचार शाला में कूलर भेंट कर मानवता और करुणा का संदेश दिया।गौसेवक का कहना था कि जीवन के विशेष अवसर केवल उत्सव मनाने के लिए नहीं,बल्कि समाज और जीवों के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का माध्यम भी होने चाहिए। उनके इस कार्य की उपचार शाला में मौजूद लोगों ने सराहना की और इसे समाज के लिए प्रेरणादायी पहल बताया।कूलर मिलने से उपचार शाला में रह रहे बीमार और घायल गौवंश को भीषण गर्मी से काफी राहत मिलेगी। गौ सेवा समिति नीमच के पदाधिकारियों ने इस सेवा भावना के लिए दानदाता परिवार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समाज के सहयोग और जनभागीदारी से ही निराश्रित गौवंश की बेहतर देखभाल संभव हो पा रही है।समिति ने शहरवासियों से भी अपील की है कि वे आगे आकर इस पुण्य अभियान में सहभागी बनें, ताकि असहाय और बीमार गौवंश को सुरक्षित, सम्मानजनक और बेहतर जीवन मिल सके।







