नीमच। महेंद्र उपाध्याय। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर रविवार को मनासा नाका स्थित शहीद पार्क में अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद, जिला नीमच के तत्वावधान में गरिमामय श्रद्धांजलि समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कारगिल युद्ध के अमर शहीदों के अद्वितीय बलिदान को नमन करते हुए राष्ट्रभक्ति, वीरता और देशसेवा का संदेश दिया गया।समारोह के मुख्य अतिथि विधायक दिलीप सिंह परिहार एवं नगर पालिका अध्यक्ष स्वाति चोपड़ा ने शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर जवानों को श्रद्धासुमन अर्पित किए। इसके पश्चात स्वतंत्रता संग्राम के दौरान वीर क्रांतिकारियों को अंग्रेजों द्वारा फांसी दिए जाने वाले ऐतिहासिक वटवृक्ष पर भी पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस भावपूर्ण क्षण ने उपस्थित जनसमुदाय को देश की गौरवशाली बलिदानी परंपरा का स्मरण करा दिया।इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि वर्ष 1999 के कारगिल युद्ध में भारतीय सेना ने दुर्गम पहाड़ियों, विषम मौसम और कठिन परिस्थितियों के बीच अदम्य साहस, अद्वितीय शौर्य और अप्रतिम पराक्रम का परिचय देते हुए पाकिस्तानी घुसपैठियों को परास्त कर तिरंगे की आन, बान और शान को अक्षुण्ण रखा। भारतीय सैनिकों का सर्वोच्च बलिदान सदैव देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत बना रहेगा तथा आने वाली पीढ़ियों में राष्ट्रप्रेम और कर्तव्यनिष्ठा की भावना का संचार करता रहेगा।कार्यक्रम का संचालन देवेंद्र सिंह परिहार ने किया। समारोह में बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक, गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता, एनसीसी कैडेट एवं विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए अपने प्राण न्यौछावर करने वाले वीर सपूतों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने का संकल्प लिया।कारगिल विजय दिवस के इस अवसर पर उपस्थित जनसमुदाय ने वीर शहीदों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि देश के इन अमर सपूतों का बलिदान सदैव स्मरणीय रहेगा। उनका शौर्य, त्याग और राष्ट्रभक्ति प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत है तथा आने वाली पीढ़ियों को देश सेवा के लिए सदैव प्रेरित करता रहेगा।