Ads Slider

तपस्वियों की बग्गियों से सजा विशाल वरघोड़ा: आस्था के सागर में डूबा नीमच

Mahendra Upadhyay
3 Min Read
Oplus_131072

नीमच। महेन्द्र उपाध्याय। श्री आदिनाथ जिनालय एवं जिन कुशल सूरी खरतरगच्छ ट्रस्ट,नीमच के तत्वावधान में नवनिर्मित आदिनाथ जिनालय मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव की पावन श्रृंखला के अंतर्गत सोमवार, 20 अप्रैल को वर्षीतप तपस्वियों का ऐतिहासिक एवं भव्य वरघोड़ा निकाला गया। इस विराट आयोजन ने पूरे शहर को धर्ममय वातावरण में सराबोर कर दिया।वरघोड़े की भव्यता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि इसकी लंबाई इतनी विशाल थी कि एक छोर जैन भवन पर था, तो दूसरा फव्वारा चौक तक पहुंच गया। इस ऐतिहासिक रथ यात्रा में 45 से अधिक सुसज्जित बग्गियों में 400 से अधिक वर्षीतप पूर्ण करने वाले सैकड़ों तपस्वी विराजमान थे।श्रद्धालुओं ने मार्गभर इन तपस्वियों का भावपूर्ण स्वागत कर पुण्य लाभ अर्जित किया।कार्यक्रम में मुंबई से पधारे भजन गायक प्रतीक गेमावत ने अपने मधुर भजनों से श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। “तपस्या करती है आवाज, तपस्या बोलती है” एवं “तपस्या कर लो रे, भगवान मिलता है” जैसे भजनों की प्रस्तुति ने वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। बैंड-बाजों की मधुर स्वर लहरियों के साथ पूरा मार्ग भक्ति रस में डूबा नजर आया।वरघोड़े में गच्छाधिपति आचार्य भगवंत जिन मणि प्रभ सूरीश्वरजी महाराज साहब एवं साध्वी विद्युत प्रभा श्रीजी मसा सहित‘आदि ठाणा 20’ का पावन सानिध्य प्राप्त हुआ। महिलाओं ने जिन शासन की ध्वजा थामे पैदल चलकर श्रद्धा का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया। रंग-बिरंगे परिधानों में सजी महिलाओं की सहभागिता ने आयोजन को और भी आकर्षक बना दिया।सागर मंथन मार्ग में विभिन्न स्थानों पर समाजजनों द्वारा आचार्य श्री के समक्ष अक्षत,स्वास्तिक एवं गहुली बनाकर आशीर्वाद प्राप्त किया गया। कई सामाजिक संगठनों ने भव्य तोरण द्वार बनाकर आचार्यश्री की अगवानी की, जिससे पूरा शहर एक उत्सवधर्मी छटा में नजर आया।

*मंगलवार को होगा च्यवन कल्याणक विधान*

प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव की श्रृंखला आगे भी निरंतर जारी रहेगी। 21 अप्रैल, मंगलवार को च्यवन कल्याणक विधान सहित विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए जाएंगे। 22 अप्रैल को जन्म कल्याणक विधान, 56 दिक्कुमारी महोत्सव एवं सायंकाल श्री आदिनाथ एवं गुरुदेव वंदना कार्यक्रम होंगे। 23 अप्रैल को दीक्षा कल्याणक का वरघोड़ा एवं महावीर जिनालय ध्वजा कार्यक्रम आयोजित होगा। 24 अप्रैल को परमात्मा की प्रतिष्ठा तथा 25 अप्रैल को द्वार उद्घाटन सहित विविध धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होंगे।सागर मंथन इस अवसर पर कार्यक्रम संयोजक अनिल नागौरी, आदिनाथ जिनालय अध्यक्ष प्रेम प्रकाश जैन, मनोहर सिंह लोढ़ा, संतोष चोपड़ा, रिखब गोपावत, राजमल छाजेड़, विनय मारू, राजेश मानव, राकेश पगारिया, नरेंद्र लोढ़ा, अंकित जैन, राहुल पगारिया, रिदम कोटिफोड़ा सहित बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे। दादावाड़ी ट्रस्ट के तत्वावधान एवं गच्छाधिपति के सानिध्य में संपूर्ण आयोजन विधि-विधानपूर्वक संपन्न हो रहा है।

Share This Article