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आशा-ऊषा व पर्यवेक्षकों ने वेतन विसंगतियों सहित 18 सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन

Mahendra Upadhyay
3 Min Read
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नीमच।महेन्द्र उपाध्याय।आशा, ऊषा एवं आशा पर्यवेक्षक संयुक्त मोर्चा मध्यप्रदेश के आह्वान पर सोमवार को जिले की आशा कार्यकर्ताओं एवं पर्यवेक्षकों ने मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव के नाम कलेक्टर प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपकर लंबित मांगों के शीघ्र निराकरण की मांग की। ज्ञापन में वेतन भुगतान में हो रही अनियमितताओं,रुकी हुई वार्षिक वेतनवृद्धि,मानदेय बढ़ाने सहित 18 सूत्रीय मांगों को प्रमुखता से उठाया गया।
ज्ञापन में बताया गया कि आशा एवं आशा पर्यवेक्षक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत मातृ एवं शिशु मृत्यु दर कम करने,टीकाकरण, स्वास्थ्य सर्वेक्षण,जन जागरूकता और विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं के सफल संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल रहा है तथा भुगतान प्रक्रिया में लगातार अनियमितताएं बनी हुई हैं।संयुक्त मोर्चा ने आरोप लगाया कि कई-कई महीनों तक वेतन का भुगतान लंबित रहता है,वहीं वर्ष 2023 से रोकी गई एक हजार रुपये की वार्षिक वेतन वृद्धि का भी आज तक भुगतान नहीं किया गया है। आशा कार्यकर्ताओं का कहना है कि वर्तमान में उन्हें मात्र 6 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय मिल रहा है,जबकि महंगाई के इस दौर में परिवार का भरण-पोषण करना कठिन हो गया है।उन्होंने अन्य राज्यों की तर्ज पर मानदेय बढ़ाने की मांग भी उठाई।ज्ञापन में वर्ष 2024 के लंबित एरियर का भुगतान,समय पर वेतन वितरण,ईपीएफ राशि जमा करने, दुर्घटना एवं स्वास्थ्य बीमा सुविधा, सेवा सुरक्षा,दो जोड़ी ड्रेस, स्वेटर, रेनकोट और छाता उपलब्ध कराने सहित विभिन्न मांगें शामिल हैं।इसके अलावा बिना गंभीर कारण सेवा से पृथक नहीं किए जाने, विभागीय अधिकारियों द्वारा सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करने तथा शिकायतों के त्वरित निराकरण की भी मांग की गई।संयुक्त मोर्चा ने यह भी मांग रखी कि वर्ष 2025 की वेतन वृद्धि का एरियर सहित भुगतान किया जाए तथा भविष्य में वेतन और प्रोत्साहन राशि का नियमित एवं पारदर्शी भुगतान सुनिश्चित किया जाए।ज्ञापन के अंत में संगठन ने कहा कि आशा एवं आशा पर्यवेक्षक स्वास्थ्य विभाग की रीढ़ हैं और वर्षों से सीमित मानदेय में लगातार सेवाएं दे रही हैं। यदि उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो प्रदेशभर में आंदोलन को और तेज किया जाएगा।इस दौरान जिला पदाधिकारियों सहित बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता एवं आशा पर्यवेक्षक उपस्थित रहे।ज्ञापन कलेक्टर प्रतिनिधि को सौंपकर मुख्यमंत्री तक उनकी मांगें पहुंचाने का आग्रह किया गया।

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