नीमच।महेन्द्र उपाध्याय। जिले के ग्राम धनेरिया कलां में एक बुजुर्ग व निरक्षर किसान के साथ जमीन की रजिस्ट्री में धोखाधड़ी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पीड़ित नवल सिंह, पिता भीम सिंह, निवासी वार्ड क्रमांक 14, ने मंगलवार को कलेक्टर की जनसुनवाई में शिकायत पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है। इससे पूर्व सोमवार को उन्होंने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में भी आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की थी।पीड़ित के अनुसार वह खसरा नंबर 708, रकबा 0.175 हेक्टेयर कृषि भूमि का वैध स्वामी है। 30 मार्च 2026 को गांव के ही लक्ष्मी नारायण अहीर ने उससे संपर्क कर पुराने एक लाख रुपये के कर्ज की राशि लौटाने का झांसा दिया। उसने कहा कि भुगतान बैंक के माध्यम से होगा, जिसके लिए नया खाता खुलवाना जरूरी है। इसी बहाने वह पीड़ित को अंबेडकर रोड स्थित एक निजी बैंक ले गया, जहां उससे आधार का ओटीपी भी लिया गया।पीड़ित ने आरोप लगाया कि बाद में खाता खुलने में दिक्कत बताकर उसे कलेक्ट्रेट ले जाया गया,जहां नगद 70 हजार रुपये देकर एक अधिकारी के सामने दस्तावेजों पर अंगूठा लगवा लिया गया। नवल सिंह का कहना है कि वह अशिक्षित होने के कारण दस्तावेजों की जानकारी नहीं समझ पाया और बाद में पता चला कि उसकी जमीन की रजिस्ट्री आरोपी ने अपने नाम करा ली है।शिकायत में उल्लेख है कि संबंधित रजिस्ट्री में 30 लाख 60 हजार रुपये का भुगतान दर्शाया गया है,जबकि वास्तविकता में उसे इतनी राशि नहीं दी गई। आरोपी द्वारा कथित रूप से शेष रकम के नाम पर पोस्टडेटेड चेक दिखाने की बात भी सामने आई है,जिन्हें पीड़ित ने लेने से इंकार किया है। पीड़ित का कहना है कि उसकी अनपढ़ता और नशे की हालत का फायदा उठाकर यह पूरा षड्यंत्र रचा गया।नवल सिंह ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी,जालसाजी सहित अन्य धाराओं में तत्काल FIR दर्ज की जाए और उसकी जमीन को सुरक्षित कराया जाए।







