नीमच। महेन्द्र उपाध्याय। भारतीय किसान संघ जिला नीमच द्वारा प्रदेश के किसानों की विभिन्न समस्याओं के निराकरण को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन प्रेषित किया गया। ज्ञापन में किसानों ने समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी सहित अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हुए शीघ्र समाधान की मांग की है।ज्ञापन में बताया गया कि समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी की तारीख बार-बार बढ़ाए जाने से किसानों में भारी रोष व्याप्त है। सागर मंथन इससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।सागर मंथन एक ओर सरकार किसानों की आय बढ़ाने की बात करती है,वहीं दूसरी ओर बार-बार खरीदी तिथि में बदलाव कर अपने वादों से पीछे हट रही है।किसानों ने मांग की है कि गेहूं की खरीदी शीघ्र 2700 रुपये प्रति क्विंटल की दर से शुरू की जाए। सागर मंथन इसके साथ ही सहकारी बैंकों से 0 प्रतिशत ब्याज पर लिए गए ऋण की अंतिम तिथि 28 मार्च निर्धारित होने और गेहूं खरीदी में देरी के कारण किसानों को भुगतान नहीं मिल पाने से वे ऋण जमा नहीं कर सके। सागर मंथन परिणामस्वरूप किसानों पर 7 प्रतिशत ब्याज और 14 प्रतिशत दंड का अतिरिक्त बोझ पड़ गया है। किसानों का कहना है कि खरीदी तिथि 10 अप्रैल तक बढ़ा दी गई, लेकिन ऋण जमा करने की तिथि नहीं बढ़ाई गई, जिससे लगभग 60 प्रतिशत किसान डिफॉल्टर हो गए हैं। पिछले वर्ष डिफॉल्टर किसानों को ब्याज राशि लौटाने का वादा भी अब तक पूरा नहीं हुआ है।ज्ञापन में पराली जलाने पर किसानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का भी विरोध किया गया है। किसान संघ का कहना है कि जब तक पराली के उचित निष्पादन का स्थायी समाधान नहीं निकाला जाता,तब तक किसानों पर कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाए।सागर मंथन किसानों ने इस वर्ष गेहूं के बंपर उत्पादन का हवाला देते हुए 11 क्विंटल प्रति बीघा के हिसाब से समर्थन मूल्य पर खरीदी करने की मांग की है। साथ ही बारदान की कमी को प्रशासन की लापरवाही बताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की गई है।इसके अतिरिक्त ग्रीष्मकालीन मूंग की खरीदी के लिए पंजीयन शीघ्र शुरू करने, गेहूं खरीदी बड़े तोल कांटों पर कराने तथा चना और सरसों की समर्थन मूल्य पर खरीदी जल्द शुरू करने की मांग भी रखी गई है।किसान संघ ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो संगठन आंदोलन के लिए बाध्य होगा। इस दौरान प्रांत कार्यकारिणी सदस्य रघुनंदन पाटीदार, संभाग उपाध्यक्ष राधेश्याम धनगर, जिला संरक्षक मांगीलाल पाटीदार,अध्यक्ष सुरेशचंद्र धाकड़,जिला मंत्री विष्णु प्रसाद नागदा सहित कई पदाधिकारी एवं किसान उपस्थित रहे।







