नीमच। महेंद्र उपाध्याय। शिवाजी सागर जलाशय (ठिकरिया डेम) को गांधी सागर बांध से नीमच आई जल जीवन मिशन की पाइपलाइन से भरने की मांग को लेकर सोमवार को 27 गांवों के प्रतिनिधियों ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया। प्रतिनिधियों ने कलेक्टर के नाम ज्ञापन कलेक्टर प्रतिनिधि को सौंपते हुए किसानों के हित में तत्काल डेम में पानी भरने की मांग की।ज्ञापन में बताया गया कि ग्राम केनपुरिया के पास स्थित शिवाजी सागर जलाशय (ठिकरिया डेम) का निर्माण कृषि भूमि की सिंचाई के उद्देश्य से किया गया था। वर्तमान में इस जलाशय से आसपास के करीब 15 से 20 गांवों की लगभग 2500 हेक्टेयर कृषि भूमि सिंचित होती है। किसानों ने जल संसाधन विभाग से अनुमति लेकर डेम से अपनी-अपनी पाइपलाइन भी बिछा रखी है।ग्रामीणों ने बताया कि निर्माण के बाद शासन ने शिवाजी सागर जलाशय को बहुउद्देशीय घोषित किया है। इसमें नीमच शहर के पेयजल और उद्योगों के लिए भी पानी आरक्षित है। वर्तमान में जलाशय में पानी की कमी होने के कारण किसानों के सामने सिंचाई का संकट खड़ा है।प्रतिनिधियों के अनुसार जिला पंचायत की बैठक में भी यह मुद्दा उठाया गया था। उस दौरान जल संसाधन विभाग की ओर से बताया गया था कि गांधी सागर बांध से नीमच आई जल जीवन मिशन की पाइपलाइन के माध्यम से शिवाजी सागर जलाशय को भरा जाएगा। किसानों की फसलें कट चुकी हैं और खेत खाली हैं, लेकिन अभी तक डेम भरने की कार्रवाई शुरू नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी है।ज्ञापन में बताया गया कि जल जीवन मिशन की पाइपलाइन शिवाजी सागर जलाशय की मुख्य नदी बोरखेड़ी पानेरी की पुलिया तक चालू हालत में है। पूर्व में भी पाइपलाइन का पानी नदी में खोलकर इसकी जांच की जा चुकी है। ऐसे में जलाशय को भरने में किसी प्रकार की बड़ी तकनीकी परेशानी नहीं होने का दावा ग्रामीणों ने किया है।प्रदर्शन के दौरान 27 गांवों के प्रतिनिधियों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि समय रहते उनकी मांग पूरी नहीं की गई तो आने वाले दिनों में हजारों किसान और ग्रामीण एकत्रित होकर आंदोलन करेंगे।प्रतिनिधियों ने प्रशासन से किसानों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र शिवाजी सागर जलाशय को गांधी सागर की पाइपलाइन से भरने की कार्रवाई शुरू करने की मांग की।