नीमच। महेंद्र उपाध्याय। मध्य प्रदेश राज्य सहकारी बैंक (अपेक्स बैंक) के प्रशासक महेंद्र सिंह यादव सोमवार को नीमच दौरे पर रहे। उन्होंने जिला सहकारी बैंक की नीमच शाखा का निरीक्षण कर बैंक की व्यवस्थाओं, किसानों एवं उपभोक्ताओं को उपलब्ध कराई जा रही बैंकिंग सुविधाओं तथा सहकारिता क्षेत्र से जुड़े कार्यों की जानकारी ली। इसके बाद वे कृषि उपज मंडी में आयोजित बलराम महोत्सव में शामिल हुए।कार्यक्रम से पहले मीडिया से चर्चा में महेंद्र सिंह यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार ने वर्ष 2026 को कृषि कल्याण वर्ष के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। इसी के तहत प्रदेश के विभिन्न जिलों में बलराम महोत्सव के आयोजन किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना प्राथमिकता है। किसानों से सुझाव लेने और कृषि वैज्ञानिकों के माध्यम से आधुनिक कृषि को बढ़ावा देने के प्रयास भी किए जा रहे हैं।सहकारिता चुनाव को लेकर पूछे गए सवाल पर यादव ने कहा कि सहकारिता चुनाव को लेकर पार्टी गंभीर है और इस दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश के करीब 12-13 जिलों का दौरा अभी शेष है। सभी जिलों का दौरा पूरा करने के बाद आगे की प्रक्रिया को गति दी जाएगी। उन्होंने कहा कि लंबे समय से सहकारी संस्थाओं में चुनाव नहीं हुए हैं और चुनाव प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।यादव ने कहा कि नीमच जिला बने करीब 20 वर्ष हो चुके हैं, लेकिन जिला सहकारी बैंक अभी भी अविभाजित जिले का ही है। नीमच में अलग जिला सहकारी बैंक की लंबे समय से मांग की जा रही है। उन्होंने कहा कि नीमच के साथ सतना और रीवा सहित कुछ अन्य जिलों में भी अलग सहकारी बैंक के प्रस्ताव हैं। इसके लिए निर्धारित मापदंड और सहकारी प्रक्रिया पूरी करनी होगी। प्रक्रिया पूरी होने के बाद नीमच में अलग जिला सहकारी बैंक बनाने के प्रयास किए जाएंगे।सहकारिता क्षेत्र को मजबूत करने के सवाल पर यादव ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा सहकारिता के लिए स्वतंत्र मंत्रालय का गठन किया गया है और केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में सहकारी संस्थाओं को मजबूत करने की दिशा में काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि दूध उत्पादन बढ़ाने के साथ किसानों और ग्रामीणों को सहकारी समितियों से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। महिलाओं और ग्रामीणों की सहकारी समितियां भी गठित की जा रही हैं।उन्होंने बताया कि उज्जैन में करीब 255 करोड़ रुपए की लागत से प्लांट का भूमिपूजन किया गया है तथा शिवपुरी में भी इसी दिशा में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सहकारिता के माध्यम से किसानों और ग्रामीणों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने तथा बिचौलियों पर निर्भरता कम करने के प्रयास किए जा रहे हैं।यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्म महोत्सव के तहत सेवा संकल्प के कार्यक्रम भी चल रहे हैं। ‘सरकार आपके द्वार’ अभियान के माध्यम से शिविर लगाकर ऐसे हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाने का प्रयास किया जा रहा है, जो किसी कारण से अब तक लाभ से वंचित रह गए हैं। उन्होंने कहा कि ‘बिन सहकार नहीं उद्धार’ के सिद्धांत को मजबूत करने के लिए सहकारिता क्षेत्र को और प्रभावी बनाया जाएगा।