नीमच। महेन्द्र उपाध्याय। नगर पालिका परिषद और जिला प्रशासन ने शनिवार को गायत्री मंदिर रोड स्थित कालिदास शिक्षा समिति के जीवाजी राव छात्रावास को खाली करवाकर परिसर का आधिपत्य अपने कब्जे में लिया ओर भवन को ध्वस्त किया, कार्रवाई सुबह से चली, जिसमें एडीएम बीएस कलेश,एसडीएम पराग जैन,तहसीलदार, नायब तहसीलदार संजय मालवीय, सीएसपी किरण चौहान,कैंट थाना प्रभारी सौरभ शर्मा सहित करीब 80 पुलिस जवान, नगर पालिका और राजस्व अमला मौजूद रहा।
नगर पालिका सीएमओ दुर्गा बामनिया ने बताया कि वर्ष 1955 में परिषद के संकल्प के माध्यम से भूमि शिक्षा संबंधी उपयोग के लिए दी गई थी। बाद में समिति द्वारा भूमि का व्यावसायिक उपयोग किए जाने की शिकायतें मिलीं। इसके बाद पूर्व संकल्प निरस्त कर भूमि का आधिपत्य वापस लेने की कार्रवाई शुरू की गई। मामले में निचली अदालत और जिला न्यायालय में सुनवाई हुई। जिला न्यायालय से नगर पालिका के पक्ष में आदेश आने के बाद पूर्व में मिला स्टे वेकेट हो गया था। समिति को तीन दिन का समय भी दिया गया था।जिसके बाद आज कार्यावाही की गई।
एसडीएम पराग जैन ने बताया कि करीब 4 लाख वर्गफीट भूमि नगर पालिका स्वामित्व की है। छात्रावास की स्थिति जर्जर और वहां रह रहे बच्चों के लिए मूलभूत सुविधाएं संतोषजनक नहीं पाई गईं। पीडब्ल्यूडी से मूल्यांकन कराने के बाद छात्रावास खाली करवाकर भूमि का आधिपत्य नगर पालिका ने लिया है। बच्चों को प्रशासन द्वारा अन्य छात्रावास में शिफ्ट किया जा रहा है।
कार्रवाई के दौरान इसी भूमि से जुड़े भाजपा नेता अनिल नागोरी के पेट्रोल पंप और अन्य पत्थर स्टॉक का मुद्दा भी सामने आया। इस पर अधिकारियों ने बताया कि संबंधित मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है। न्यायालय से प्रकरण का निराकरण होने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
वहीं कालिदास शिक्षा समिति ने पूर्व में जारी सार्वजनिक विज्ञप्ति में दावा किया था कि भूमि पर उसका 70 वर्षों से अधिक समय से आधिपत्य है और मूल वाद क्रमांक 149ए/2020 अभी विचाराधीन है। समिति ने जिला न्यायालय के आदेश के विरुद्ध हाईकोर्ट जाने की बात भी विज्ञप्ति के माद्यम से सार्वजनिक की है।