नीमच। महेन्द्र उपाध्याय। मनासा रोड स्थित गोपी की थाणी के पास शुक्रवार सुबह एक अज्ञात वाहन की टक्कर से गाय घायल हो गई। हादसे में गाय के अगले पैर में गंभीर फ्रैक्चर हो गया। घायल गौवंश की सूचना गजू नागदा द्वारा गौ सेवा समिति नीमच की गौ सेवा दल टीम को दी गई।सूचना मिलते ही टीम के सदस्य मितेश अहीर गौ एम्बुलेंस लेकर मौके पर पहुंचे और घायल गाय का रेस्क्यू किया। इसके बाद उसे गौ उपचारशाला ले जाया गया, जहां पशु चिकित्सकीय देखरेख में घायल पैर पर प्लास्टर और पट्टा चढ़ाया गया। टीम द्वारा गाय की आगे भी देखभाल की जाएगी।

*गौवंश को सड़क पर छोड़ना बन रहा हादसों का कारण*

गौ सेवा दल के सदस्यों ने बताया कि शहर और आसपास के क्षेत्रों में कुछ लोग गायों के कान में लगे पहचान टैग तक तोड़कर उन्हें बेसहारा छोड़ देते हैं। टैग किसी गौवंश की पहचान और उसके प्रबंधन में मदद करता है। ऐसे में टैग हटाकर पशुओं को सड़कों पर छोड़ना न केवल गौवंश के लिए जोखिम बढ़ाता है, बल्कि वाहन चालकों और राहगीरों के लिए भी दुर्घटना का कारण बन सकता है।सड़क पर घूमते बेसहारा पशुओं से टकराव की घटनाओं में पशु के साथ-साथ वाहन सवारों को भी गंभीर चोट लगने की आशंका रहती है। ऐसे मामलों को केवल पशु समस्या के रूप में नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा और सार्वजनिक जिम्मेदारी से जुड़े विषय के रूप में भी देखा जाना जरूरी है।गौ सेवा समिति ने प्रशासन से मांग की है कि गौवंश को जानबूझकर सड़क पर बेसहारा छोड़ने तथा पहचान टैग हटाने वाले लोगों की पहचान कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही पशुपालकों से अपील की गई कि वे अपने पशुओं को खुले में न छोड़ें और उनकी सुरक्षा एवं पहचान की जिम्मेदारी निभाएं।इस रेस्क्यू कार्य में राहगीरों ने भी सहयोग किया। गौ सेवा दल ने घायल गाय को समय पर सूचना देने और रेस्क्यू में सहयोग करने वाले लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।